सेवाभावी कार्य
जैसे फूलों की महकमन को प्रसन्न करती है,वैसे अपने सेवाभावी कार्यो की महक सेदूसरों के मन को प्रसन्नता दे।
जैसे फूलों की महकमन को प्रसन्न करती है,वैसे अपने सेवाभावी कार्यो की महक सेदूसरों के मन को प्रसन्नता दे।
हिंदी में अनुवाद: मज़ाक के बहाने दूसरों की कमी निकालना, दूसरों के जज़्बात को ठेस पहुंचाना, नकारात्म्क शब्दों का प्रयोग करना, अपने मन की कुंठा प्रदर्शित करना ये उचित नहीं है। एसे वर्तन को मानसिक अस्थिरता कहते है। मज़ाक का उद्देश्य आनंद फैलाना है, निराशा फैलाना नहीं है।
चलते चलते कितना सुहाना सफ़र हो गया,हर मेरी जरूरतों को तुमने बिना कहे पूरा किया। मेरे हर कार्य को तुमने आसान किया,मेरे हर जज़्बात को तुमने समझा। हर मुश्किल का एक साथ मिलकर सामना किया,हर धूप छांव में एक-दुसरे का साथ निभाया। मुश्किल हालातों में एक-दुसरे का हौसला बढ़ाया,मुश्किल हालातों को हंसते- हंसते निभाया। पति-पत्नी…
Hello to all my fellow-bloggers. I am so happy to share with you about my article. My article got published in “Namaskar Gujarat”, it is one of the Gujarati monthly Newspaper in Australia. Links of my article in Gujarati and English. મનની જટિલતા અને જીવન The complexity of mind and life
नवरात्रि की हार्दिक शुभकामनाएं। नवरात्रि का पर्व आया है,नवदुर्गा शक्ति का पर्व आया है। भक्ति के रंग में डुबना है,आध्यात्मिक विकास करना है। त्रिदेवी की आराधना में खुद को खो देना है,त्रिदेवी की आराधना से खुद को संवारना है। खुद के दु:खों से उपर उठना है,खुद में प्रसन्नता को ढूंढना है। काली स्वरूप तमस का प्रतीक…
हमारी करनी से ही लोगों में होती है,हमारी असली पहचान।हमारी करनी से ही लोगों को होती है,हमारी असली परख। एक दूसरे की परवा करना,एक दूसरे की कदर करना,ये कथनी से नहीं बताया जा सकता है,ये करनी से ही जताया जा सकता है। एक दूसरे को समझना,एक दूसरे को सम्मान देना,ये कथनी से नहीं बताया जा…
લઘુકાવ્ય – 8 એક સ્મિત..મીઠી યાદો માં ખોઈ દે,હતાશા ને ભુલાવી દે;ગુસ્સા ને ઓગાળી દે;મનને આનંદથી ભરી દે;કેટકેટલું કરે,એક સ્મિત.આ જ તો છે,સ્મિતની સુંદરતા. हिन्दी में भाषांतरः मुस्कान की सुंदरता (लघुकाव्य – 8) एक मुस्कान..मीठी यादों में खो देती है,कुंठा दूर कर देती है,गुस्से को पिघला देती है,मन को आनंद से भर देती है।कितना कुछ…
गणेश चतुर्थी की हार्दिक शुभकामनाएं गणेश उत्सव यानीभक्ति का उत्सव,गणेश जी के अनोखे स्वरुप का उत्सव;गणेश जी के प्रतीक से प्रेरणा लेने का उत्सव,प्रेरणा लेकर वैसे ही गुणों को विकसित करने का उत्सव;गणेश जी की भक्ति से मन की मलिनता मिटाने का उत्सव;गणेश जी की भक्ति से मन को निर्मल बनाने का उत्सव। गणेश जी…