शिव षडक्षर स्तोत्र अर्थ सहित (६ अक्षर: ॐ नमः शिवाय)

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शिव भगवान का पंचाक्षर मंत्र है:
नमः शिवाय।
और षडक्षर मंत्र है:
ॐ नमः शिवाय।

मंत्र के साथ, स्तोत्र भी है। आप पंचाक्षर स्त्रोत भी पढ़ सकते है, लिंक:
शिव पंचाक्षर स्तोत्र

आज मैं षडक्षर स्तोत्र की जानकारी प्रदान करूंगी।

स्तोत्र:

ॐ कारं बिंदुसंयुक्तं नित्यं ध्यायंति योगिन:।
कामदं मोक्षदं चैव काराय नमो नमः।।१।।

नमंति ऋषयो देवा नमन्त्यप्सरसां गणा:।
नरा नमंति देवेशं काराय नमो नमः।।२।।

महादेवं महात्मानं महाध्याय परायणम्।
महापापहरं देवं काराय नमो नमः।।३।।

शिवं शांतं जगन्नाथं लोकानुग्रहकारकम्।
शिवमेकपदं नित्यं शिकाराय नमो नमः।।४।।

वाहनं वृषभो यस्य वासुकि कंठभूषणम्।
वामे शक्तिधरं देवं काराय नमो नमः।।५।।

यत्र यत्र स्थितो देव: सर्वव्यापी महेश्वर:।
यो गुरु: सर्वदेवानां काराय नमो नमः।।६।।

षडक्षरमिदं स्तोत्र य: पठेच्छिवसंनिधौ।
शिवलोकमवाप्नोति शिवेन सह मोदते।।७।।

हिंदी भाषा में स्तोत्र का अर्थ:

जो ॐकार के रूप में आध्यात्मिक ह्रदय केन्द्र में रहते है, जिसका योगी निरंतर ध्यान करते है, जो सभी इच्छाओं को पूरा करते है और…

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सपने से अर्थ पाने का सफर

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तुम सपना देखो और पूरा करो,
तुम्हे सपने से मकसद मिलेगा,
मकसद पर चलकर
जीवन का नया अर्थ मिलेगा।
हो गया ना, सपने से अर्थ पाने का सफर!

मेरी पहली किताब

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Jivan ke shabd- Book reviews

मेरी पहली किताब "जीवन के शब्द" को बहुत ही अच्छा प्रतिसाद मिल रहा है, यह बात आप सभी से साझां करके बहुत ही खुशी महसूस  हो रही है। मैं ब्लॉगर और लेखक आशीष कुमार (Shanky-salty) का भी दिल से शुक्रिया करना चाहूंगी, मेरी किताब का रिव्यु दिया। मेरी पहली किताब My Book Now Available on Amazon Kindle

दीपावली की शुभकामनाएं #संस्कृत प्रार्थना

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प्रार्थना:-
असतो मा सदगमय।
तमसो मा ज्योतिर्गमय।
मृत्योमामृतम् गमय।
ॐ शांति शांति शांति।।
अर्थात्
हमको असत्य से सत्य की और ले चलों।
अंधकार से प्रकाश की और ले चलों।
मृत्यु से अमरता की और ले चलों।
ॐ शांति शांति शांति।।

दीपावली मतलब प्रकाश का पर्व, हम यह प्रार्थना करके अपने अंदर ज्योति प्रगटाए और सिर्फ बहार ही प्रकाश का अनुभव न करकर, अपने भीतर भी प्रकाश महसूस करें।

जैसे ज्योत से ज्योत जलाते हैं,
वैसे ही हम, दूसरो की खुशी का कारण बनें,
हम दूसरो की परेशानी का कारण न बनें,
हम खुश रहे और दूसरो को भी खुश रखें,
हम शांति से रहें और दूसरों को भी शांति से रहने दे

दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएं।

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मेरी पहली किताब

मैं आप सभी के साथ मेरा पहला कविता संग्रह "जीवन के शब्द" के बारे में साझा करना चाहती हूँ। मैंने इस कविता संग्रह में ज़िंदगी के विभिन्न पहलुओं को सुंदर शब्दों में पिरोया है। रोज़-बरोज की ज़िंदगी में जो मुश्किलें आती हैं रिश्तों में, सपनों को पाने के लिए, हमारे कार्य क्षेत्र में, उनका समाधान... Continue Reading →

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